Friday, June 3, 2011

Naxalvaadi

भरा है पेट जिसका उसे मौत से डर लगता है
खली हो पेट जिसका मौत को उससे डर लगता है |
मेरी बन्दूक का रिश्ता मेरे खली पेट से है
जिस दिन भर जाएगा बन्दूक मुझसे बिछड़  जाएगी|
तुम मुझे मारने आए हो मेरी भूख को टी मारो 
तुम मुझे उजाड़ने आये हो इस गाँव को तो बसाओ | 
मेरी बन्दूक भी तुम्हारी दी हुई है
यह बन्दूक भी तुम्हारी दी हुई है |
तुम मेरी भूख मिटा न सकोगे
मेरे हाथ से यह बन्दूक हटा न सकोगे |
मई अकेला नहीं हूँ मेरे साथ और भी हैं
तेरे सताए हुए भूख के मारे और भी हैं |
भूखे नंगों के फ़ौज जब तेरे इलाके में आएगी 
जीना हराम होगा तेरा हर तरफ मौत नज़र आएगी |
बेहतर है तू मेरा जंगल मेरी पहचान लोटआदे
 ले ले अपनी  बन्दूक मेरे जीने का सामान  लोटआदे